आज की ताजा खबर

मुख्यमंत्री ने उपशा, सेतु निगम, निर्माण निगम के कार्याें की भी समीक्षा की

ADITY NATH YOUGI

(विचारपरक प्रतिनिधि द्धारा)
लखनऊ 9 अप्रैल ,उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने हर हाल में प्रदेश की सड़कों को आगामी 15 जून तक गड्ढामुक्त किए जाने के निर्देश देते हुए कहा है कि राज्य में पी0पी0पी0 माॅडल के आधार पर बेहतर सड़कों के निर्माण की सम्भावनाओं को तलाश किया जाए। उन्होंने कहा कि आगामी 100 दिन, 6 माह और एक वर्ष का विजन रखते हुए योजनाएं बनायी जाएं और उन्हें समयबद्ध ढंग से सम्पादित किया जाए, जिससे प्रदेश की जनता को यह महसूस हो कि पूर्ववर्ती सरकारों की अपेक्षा नई सरकार की कार्य संस्कृति जनकल्याणकारी है।
मुख्यमंत्री आज यहां शास्त्री भवन में लोक निर्माण विभाग के प्रस्तुतिकरण के अवसर पर अधिकारियों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि 5000 कि0मी0 मार्गों को नेशनल हाईवे बनाए जाने के प्रस्ताव भारत सरकार को शीघ्र भेजे जाएं। सेण्ट्रल रोड फण्ड (सी0आर0एफ0) के तहत ज्यादा से ज्यादा सड़कों के निर्माण का प्रस्ताव भी केन्द्र सरकार को प्रेषित किया जाए। साथ ही, उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पी0एम0जी0एस0वाई0) से जुड़ने के मुख्य मार्गों का भी निर्माण केन्द्र सरकार की सहायता से किया जा सकता है। इसके लिए भी प्रस्ताव तैयार किया जाए। उन्होंने अन्य राज्यों की सड़कों के निर्माण और रख-रखाव के सम्बन्ध में अध्ययन कर रिपोर्ट प्रस्तुत किए जाने के निर्देश दिए हैं।
श्री योगी ने कहा कि 15 जून, 2017 तक सड़कों को गड्ढामुक्त करने की कार्य योजना में शिथिलता पाए जाने पर सम्बन्धित अधिकारी के विरुद्ध जवाबदेही तय होगी। उन्होंने कहा कि विभागीय कार्य संस्कृति में सुधार एवं पारदर्शिता लायी जाए। निर्माण कार्यों में गुण्डे, माफिया और अपराधी ठेकेदारों पर अंकुश लगे। गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए जनप्रतिनिधियों से सहयोग लिया जाए। ईमानदार और योग्य अधिकारियों को बढ़ावा दिया जाए। भारत सरकार द्वारा पोषित योजनाओं हेतु अधिकाधिक सहायता प्राप्त की जाए और लोक कल्याण संकल्प पत्र के आधार पर योजनाओं को बनाने की कार्यवाही की जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़कों के चैड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण का कार्य गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध ढंग से पूरा किया जाए। इनमें राज्य राजमार्गों और प्रमुख जिला मार्गों के साथ-साथ अन्य सड़कों को भी शामिल किया जाए। नाबार्ड और विश्व बैंक सहायतित परियोजनाओं को भी समय से पूरा किया जाए। सेतुओं और आर0ओ0बी0 के निर्माण कार्य में भी गुणवत्ता का ध्यान रखा जाए। महत्वपूर्ण पर्यटक स्थलों को सड़कों से जोड़े जाने की कार्यवाही की जाए। कम लागत में मजबूत सड़कों के निर्माण की तकनीक और पर्यावरण संरक्षण पर भी फोकस किया जाए।
श्री योगी ने इस अवसर पर उ0प्र0 राज्य राजमार्ग प्राधिकरण (उपशा), उ0प्र0 राज्य सेतु निगम लि0, उ0प्र0 राजकीय निर्माण निगम लि0 के भी कार्याें की समीक्षा करते हुए, इनके द्वारा निर्मित की जा रही परियोजनाओं की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि परियोजनाओं को शीघ्र पूरा किया जाए, क्योंकि परियोजनाओं के पूर्ण होने में विलम्ब से कार्य की लागत बढ़ती है।
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य, डाॅ0 दिनेश शर्मा सहित मंत्रिमण्डल के अन्य सदस्य, मुख्य सचिव, कृषि उत्पादन आयुक्त एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

About The Author

अनुराग श्रीवास्तव विचारपरक के पत्रकार है |

Related posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Enter the text from the image below