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दो टोलो के नागरिक सुविधाओ से वचिंत है

(विचारपरक प्रतिनिधि द्वारा)
बढ़नी (सिद्धार्थनगरद्ध) 29 दिसंबर ,विकासखण्ड के तालकुण्डा ग्रामसभा के दो टोलों में बुनियादी सुविधाओं के अभाव के कारण इन टोलेवासियों को नरकीय जीवन
बिताने को मजबूर होना पड़ रहा है।टोलेवासियों के मुताबिक कई बार सड़कएनाली व विद्यालय के लिए उन्होंने जनपद के आला अधिकारियोंएसांसद व विधायक से निवेदन किया परन्तु कोई भी जिम्मेदार हर वर्ष बाढ़ से प्रभावित इन दोनों टोलों की खोज.खबर लेने को तैयार नहीं है।टोलेवासियों ने जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों को
अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर दोनों टोलों में बुनियादी जरुरतों को पूरा नहीं किया गया तो टोलेवासी आगामी 2017 के विधानसभा चुनाव का सामूहिक बहिष्कार करेंगे।
बढ़नी ब्लाक के तालकुण्डा ग्रामसभा में केवटलिया,जलापुरवा,सधुवानगर,गोनहा व तमकुहवा समेत कुल पाँच टोले हैं।इनमें गोनहा व तमकुहवा घोरही नदी के दोनों किनारो पर बसे हैं।आजादी के 68 वर्ष बीतने के बाद भी जहाँ केन्द्र व प्रदेश की सरकारें गाँवों और टोलों को हाईटेक बनाने पर करोड़ों रुपये खर्च कर रही हैं वहीं गोनहा और तमकुहवा टोले के रहने वाले आज भी आदिवासियों की भाँति जीवन व्यतीत करने को मजबूर हैं।बताते चलें कि बारिश के मौसम में ये दोनों टोले हर साल मैरुण्ड हो जाते हैं और इनका सम्पर्क तीन महीने क्षेत्र से कट जाता है।पूरे बरसात के समय इन टोलों में रहने वाले टोलेवासी अपनी जरुरत की चीजों को लाने के लिए अपने निकटवर्ती बाजारों में भी नहीं जा सकते।
गोनहा और तमकुहवा में न ही बच्चों की शिक्षा के लिए प्राथमिक विद्यालय हैं।न ही आवागमन के लिए सड़कें।दोनों टोलों के बन्धू साहनीएलाल खाँएनरेन्द्र साहनीएअशोक पासवान के अनुसार इन दोनों टोलों में रहने वाले लोग गरीब हैं।कुछ लोग सब्जी उगाते हैं और उन्हें निकटवर्ती साप्ताहिक बाजारों में बेचते हैं।शेष मेहनत.मजदूरी कर जीवन यापन कर रहे हैं।टोले के ही अनारुल्लाह,हनुमान,राजू,रविन्द्र साहनी,शंकर यादव के मुताबिक बाढ़ के समय तीन.तीन महीने हमारे बच्चे पढ़ने नहीं जा पाते।
सरकारी कोई भी बुनियादी सुविधा हमें नहीं मिलती।लौटन,भारत पासवान,सोनमती,विन्ध्याचल यादव,भुलई,रामप्रसाद,सर्वजीत,सतनरायन, रामदास आदि लोगों के अनुसार सबसे अधिक दिक्कत सड़क न होने के कारण गंभीर रुप से बीमार लोगों को है।जब हम 108 या 102 नम्बर पर डायल करते हैं और एम्बुलेन्स आती है तो वो गोनहा टोले के पहले ही रुक जाती है।तमकुहवा और गोनहा के रहने वाले लोगों ने आला अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर इन दोनों टोलों को
बुनियादी सुविधाओं से लैश नहीं किया जाता तो दोनों टोलेवासी सामूहिक रुप से आगामक 2017 के विधानसभा के चुनाव का बहिष्कार करेंगे।

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अनुराग श्रीवास्तव विचारपरक के पत्रकार है |

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